यूपी के सुल्तानपुर सहित 75 जिलों में एक साथ "सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल एवं ब्लैकआउट अभ्यास"
केएमबी ब्यूरो
सुलतानपुर 23 जनवरी। शासन द्वारा दिये गये निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी कुमार हर्ष के कुशल निर्देशन में उत्तर प्रदेश दिवस-2026 एवं नेताजी सुभाष चन्द्र बोस के जन्मदिवस दिनांक 23.01.2026 के अवसर पर अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) गौरव शुक्ला व अपर पुलिस अधीक्षक अखण्ड प्रताप सिंह की उपस्थिति में पुलिस लाइन परेड ग्राउण्ड में उत्तर प्रदेश में नागरिक सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ करने के उद्देश्य से व्यापक स्तर पर ‘सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल एवं ब्लैकआउट अभ्यास‘ कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर युद्ध अथवा किसी भी आपातकालीन/संकट की स्थिति से निपटने के लिए आपदा विशेषज्ञयों सहित मेडिकल टीम, फायर ब्रिगेड, पुलिस विभाग, एनडीआरएफ/एसडीआरएफ, आपदा टीम, पूर्ति विभाग, नगर पालिका परिषद सहित अन्य विभगाों के आपसी समन्वय से लाइव ‘सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल एवं ब्लैकआउट अभ्यास‘ कार्यक्रम सम्पन्न किया गया। अग्निशमन विभाग द्वारा मॉक ड्रिल अभ्यास के दौरान उपस्थित छात्र/छात्राओं, एन0सी0सी0 कैडेड एवं आम नागरिकों को नागरिक सुरक्षा के दृष्टिगत युद्ध, अग्नि जैसे भयावह स्थिति/संकट के समय ‘‘क्या करें या क्या न करें’’ के बारे में विस्तृत जानकारी दी गयी, जो निम्नलिखित हैं-
1. उन्होंने बताया कि युद्ध की स्थिति से पहले ‘‘क्या करें और क्या ना करें’’ (Do's and Don't) की स्पष्ट गाइडलाइन्स जानना बहुत ज़रूरी होता है, ताकि आप और आपके परिजन सुरक्षित रह सकें। युद्ध अथवा संकट की घड़ी में क्या करें (Do's) से सम्बंधित जानकारी देते हुए बताया गया कि जरूरी दस्तावेज़ (आधार, पहचान पत्र, ज़मीन कागज़, बैंक डिटेल) को एक बैग में रखें। घर में प्राथमिक चिकित्सा किट, सूखा राशन, पानी, टॉर्च, बैटरियाँ और नकद पैसे रखें। मोबाइल फोन और पावर बैंक चार्ज रखें।
2. रेडियो या सरकारी समाचार स्रोत से स्थिति की जानकारी लेते रहें। नजदीकी शरण स्थल (shelter) या बंकर की जानकारी पहले से रखें। बच्चों, बुजुर्गों और विकलांगों के लिए विशेष योजना बनाएं। सभी को एक आपातकालीन योजना (Emergency Plan) के बारे में बताएं। अगर संभव हो, तो सुरक्षित क्षेत्र की ओर प्रस्थान करें। घर में मजबूत दीवारों के पास या नीचे शरण लें। यदि निकासी (evacuation) का आदेश हो तो तुरंत पालन करें।
3. जानकारी दिये जाने के दौरान यह भी बताया गया कि युद्ध अथवा संकट काल की घड़ी में हम क्या ना करें जैसे अफवाहों पर विश्वास न करें, सोशल मीडिया या अनजान स्रोतों से मिली खबरों को सत्य माने बिना न फैलाएं।
4. बिना योजना के बाहर न निकलें, बाहर निकलना खतरनाक हो सकता है। केवल ज़रूरत पड़ने पर और सुरक्षा सुनिश्चित करके ही जाएं। ध्यान भटकाने वाले काम न करें, युद्ध की स्थिति में अनुशासन बहुत जरूरी है। लापरवाही जानलेवा हो सकती है। हथियार या संदिग्ध वस्तु छूने से बचें, किसी भी विस्फोटक या संदिग्ध. वस्तु को न छुए, तुरंत प्रशासन को सूचित करें।
5. भीड़भाड़ वाले इलाकों से बचें, खुले बाज़ार या स्टेशन जैसे क्षेत्रों में रहने से खतरे की सम्भावना बढ़ जाती है अतः ऐसे स्थिति में अनावश्यक घर से बाहर न निकलें। मॉक ड्रिल अभ्यास के दौरान सभी सम्बन्धित अधिकारीगण उपस्थित रहे।
Tags
विविध समाचार